राजस्थान में पंचायत-नगर निकाय चुनाव की हलचल तेज
17–18 अगस्त को आरक्षण की लॉटरी की कवायद के संकेत, नवंबर में चुनाव परिणाम की तस्वीर साफ होने के आसार
जयपुर। राजस्थान में आगामी नगर निकाय एवं पंचायती राज चुनावों को लेकर प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां तेज होने के संकेत मिल रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक जिला परिषद एवं पंचायत समिति सदस्य, प्रधान तथा सरपंच-वार्ड पंच पदों के आरक्षण निर्धारण के लिए 17 और 18 अगस्त को लॉटरी की प्रक्रिया किए जाने की संभावना है।
🗳️ जिला परिषद–पंचायत समिति पदों की 17 अगस्त को लॉटरी के संकेत
प्राप्त जानकारी के अनुसार जिला निर्वाचन अधिकारियों एवं संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा जिला परिषद सदस्य, पंचायत समिति सदस्य एवं प्रधान पदों के लिए एससी, एसटी, ओबीसी एवं महिला आरक्षण निर्धारित करने की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है। वहीं कुछ जिलों में यह प्रक्रिया 18 अगस्त को होने की संभावना भी जताई जा रही है।
👩🦱 जिला प्रमुख पद पर 5 ओबीसी और 20 महिला सीटों की चर्चा
राज्य में 41 जिला प्रमुख पदों के आरक्षण को लेकर भी बड़ी कवायद सामने आने की संभावना है। सूत्रों के अनुसार लॉटरी के माध्यम से लगभग 5 जिला प्रमुख पद ओबीसी वर्ग तथा करीब 20 पद महिलाओं के लिए आरक्षित किए जाने के संकेत हैं।
🗳️ सरपंच और वार्ड पंच की लॉटरी 18 अगस्त को?
ग्रामीण क्षेत्रों में उपखंड अधिकारियों द्वारा अपने-अपने क्षेत्र की ग्राम पंचायतों में सरपंच एवं वार्ड पंच पदों के आरक्षण की लॉटरी 18 अगस्त को निकाले जाने की संभावना जताई जा रही है।
🏙️ नई नगर पालिका और पंचायत समितियों में नया रोस्टर
आरक्षण व्यवस्था में नई गठित नगर पालिका एवं पंचायत समितियों में नए रोस्टर क्रम से आरक्षण निर्धारित किए जाने के संकेत हैं, जबकि पुरानी नगर निकायों एवं पंचायत समितियों में पूर्व से चल रहे रोस्टर क्रम को आधार बनाया जा सकता है।
इसका सीधा असर आगामी चुनाव में देखने को मिलेगा। वर्तमान में जिस वर्ग के लिए कोई पद आरक्षित है, जरूरी नहीं कि अगले चुनाव में भी वही पद उसी वर्ग के लिए आरक्षित रहे।
⚠️ 18 अगस्त से नगर निकायों में आचार संहिता?
सूत्रों के मुताबिक 18 अगस्त के आसपास नगर निकाय चुनावों को लेकर आदर्श आचार संहिता लागू किए जाने की संभावना भी जताई जा रही है। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में पंचायत राज चुनावों के लिए सितंबर के तीसरे सप्ताह के आसपास आचार संहिता लागू होने के कयास लगाए जा रहे हैं।
📊 नवंबर में हो सकती है अंतिम तस्वीर साफ
चुनावी कार्यक्रम के संभावित क्रम के अनुसार पहले नगर निकायों में वार्ड पार्षद एवं उसके बाद निकाय मुखिया, जबकि पंचायतों में सरपंच एवं पंच के चुनाव हो सकते हैं। इसके बाद जिला परिषद एवं पंचायत समिति सदस्य, प्रधान-उपप्रधान तथा जिला प्रमुख-उपप्रमुख के चुनाव एवं मतगणना की प्रक्रिया होने की संभावना है। ऐसे में नवंबर तक पंचायत एवं नगर निकाय चुनावों की पूरी तस्वीर साफ होने के आसार हैं।
हालांकि ये सभी जानकारियां फिलहाल संभावित कार्यक्रम एवं सूत्रों के हवाले से हैं। अंतिम आरक्षण, लॉटरी की तारीख और चुनाव कार्यक्रम की पुष्टि संबंधित सरकारी आदेश जारी होने के बाद ही मानी जाएगी।
✍️ Justice Ambit | विशेष रिपोर्ट

